चित्तौड़गढ़ सैनिक स्कूल में सोमवार को 1969-76 बैच के पूर्व छात्रों ने अपनी स्वर्ण जयंती उत्साह के साथ मनाई। 50 वर्ष पूर्व विद्यालय में अध्ययन कर चुके पूर्व छात्रों के इस विशेष सम्मेलन में पुरानी यादें ताजा हुईं। इस अवसर पर पूर्व छात्रों ने विद्यालय को कैडेट्स के प्रशिक्षण एवं उपयोग के लिए चार अश्व भेंट किए।

शंकर मेनन सभागार में आयोजित समारोह के मुख्य अतिथि स्कूल के पूर्व शिक्षक डी एल सुरेडिया तथा विशिष्ट अतिथि प्राचार्य कर्नल अनिल देव सिंह जसरोटिया थे। उप प्राचार्य लेफ्टिनेंट कर्नल ईशा ठकराल एवं प्रशासनिक अधिकारी मेजर सी श्रीकुमार ने अतिथियों का स्वागत किया।

जनसंपर्क अधिकारी बाबूलाल शिवरान ने बताया कि विशेष सभा में प्राचार्य कर्नल अनिल देव सिंह जसरोटिया ने स्वागत भाषण दिया। उन्होंने विद्यालय एवं विद्यार्थियों के विकास के लिए कराए जा रहे कार्यों की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि सैनिक स्कूल शैक्षणिक उत्कृष्टता, अनुशासन, राष्ट्रसेवा की भावना और विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास की दिशा में निरंतर नए आयाम स्थापित कर रहा है।

समारोह के दौरान सभी पूर्व छात्रों को विद्यालय पर आधारित एक डॉक्यूमेंट्री दिखाई गई। इसके बाद अतिथियों ने विद्यालय परिसर में स्थित स्मृतिका पर पहुंचकर शहीदों को श्रद्धांजलि दी। स्वर्ण जयंती बैच 1969-76 के पूर्व छात्रों ने अपना परिचय दिया और बैच की ओर से सभी उपस्थित लोगों का स्वागत किया।

इस अवसर पर पूर्व छात्रों ने सेवानिवृत्त शिक्षकों एवं स्कूल स्टाफ का अभिनंदन किया। ब्रिगेडियर आर के राजपूत एवं शैलेन्द्र विजयवर्गीय ने विद्यालय में बिताए दिनों की पुरानी यादें सभी के साथ साझा कीं। पूर्व छात्रों के बीच हुए इस मिलन समारोह में विद्यालय से जुड़े अनुभवों और स्मृतियों को साझा किया गया।

स्वर्ण जयंती बैच 1969-76 के पूर्व छात्रों ने कैडेट्स के प्रशिक्षण एवं उपयोग के लिए विद्यालय को चार अश्व भेंट किए। इस पहल के माध्यम से पूर्व छात्रों ने विद्यालय के प्रति अपने जुड़ाव और सहयोग को प्रदर्शित करने के साथ भावी पीढ़ी के विकास के प्रति अपनी प्रतिबद्धता भी व्यक्त की।

समारोह में प्राचार्य ने स्कूल परिवार की ओर से सभी पूर्व छात्रों को स्मृति चिह्न देकर सम्मानित किया। स्कूल कैप्टन मधुसुदन सिंह राठौड़ ने उपस्थित अतिथियों एवं पूर्व छात्रों का आभार जताया। मंच का संचालन कैडेट जैनम टांक ने किया।

इस अवसर पर मेजर जनरल विनोद कुमार, कर्नल सतबीर सिंह, कर्नल सुनील लव, कर्नल अनिल पोटे, कैप्टन प्रीतम सिंह, कर्नल सुरिंदर पाल सिंह, कर्नल सज्जाद अली, भवानी सिंह, अमर सिंह, राजेंद्र व्यास, महेंदर बैराठी, कौशल सक्सैना, योगिंदर सिंह, कैप्टन अजय कुमार ढाका और कर्नल प्रदीप बत्रा सहित स्वर्ण जयंती बैच के सभी पूर्व छात्र एवं विद्यालय के सेवानिवृत्त शिक्षक उपस्थित रहे। समारोह में पूर्व छात्रों ने विद्यालय के साथ अपने पुराने संबंधों को फिर से जीवंत किया और कैडेट्स के प्रशिक्षण के लिए चार अश्व भेंट कर संस्थान के विकास में योगदान दिया।

Piyush Mundara, Chittorgarh

Piyush Mundara, Chittorgarh

नाम: पियूष मूंदड़ा

वर्तमान पद: संवाददाता

कार्यक्षेत्र: चित्तौड़गढ़ (राजस्थान)

अनुभव: साल 2013 से

विशेष रुचि: अपराध (क्राइम) और वन्य जीव (Wildlife) रिपोर्टिंग

बीट और कवरेज 

  • स्थानीय समाचार: चित्तौड़गढ़ जिला और संबंधित तहसीलों की सभी स्थानीय खबरों की नियमित कवरेज।
  • क्राइम एवं वन्य जीव: पुलिस कार्रवाई, कानून-व्यवस्था, अपराध संबंधी घटनाओं के साथ-साथ वन्य जीव और पर्यावरण से जुड़े मुद्दों की विशेष रिपोर्टिंग।
  • राजनीति: स्थानीय निकाय, संगठनात्मक गतिविधियां और क्षेत्रीय राजनीतिक घटनाक्रम।
  • प्रशासन: सरकारी विभागों की कार्यप्रणाली, प्रशासनिक निर्णय, जनसुनवाई और विकास कार्यों की समीक्षा।
  • शिक्षा एवं स्वास्थ्य: शैक्षणिक संस्थानों की गतिविधियां, विद्यार्थियों से जुड़े मुद्दे, चिकित्सा सेवाएं और स्वास्थ्य योजनाओं का कवरेज।
  • बिज़नेस: स्थानीय बाजार, व्यापारिक गतिविधियां और आर्थिक समाचार।

शैक्षणिक योग्यता

  • स्नातक (Graduate)
  • डिप्लोमा इन जर्नलिज्म (Diploma in Journalism)

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